- विधायक निधि खर्च करने में राणा अव्वल, आर्य सबसे पीछे
- ऊधमसिंह नगर में जून तक 68 प्रतिशत निधि खर्च, सौरभ दूसरे और चीमा तीसरे स्थान पर
- जिले के नौ विधायकों को मिले 213-.5 करोड़, अब तक 145.86 करोड़ खर्च
रूद्रपुर। ऊधमसिंह नगर जिले के विधायकों का विधायक निधि खर्च का रिपोर्ट कार्ड सामने आया है। जून 2026 तक जिले में कुल उपलब्ध विधायक निधि का करीब 68 प्रतिशत खर्च हुआ है। इसमें नानकमत्ता विधायक गोपाल सिंह राणा 74 प्रतिशत निधि खर्च कर पहले स्थान पर हैं, जबकि बाजपुर विधायक यशपाल आर्य 55 प्रतिशत खर्च के साथ सबसे निचले पायदान पर हैं।
यह जानकारी काशीपुर निवासी सूचना अधिकार कार्यकर्ता नदीम उद्दीन को ग्राम्य विकास आयुक्त कार्यालय की ओर से सूचना के अधिकार के तहत उपलब्ध कराए गए आंकड़ों से सामने आई है। लोक सूचना अधिकारी एवं उपायुक्त प्रशासन ग्राम्य विकास हेमंती गुंजियाल ने वर्ष 2022-23 से 2025-26 तक जून 2026 की स्थिति के विधायक निधि खर्च के विवरण की सत्यापित प्रतियां उपलब्ध कराई हैं।
आंकड़ों के मुताबिक जिले के नौ वर्तमान विधायकों को प्रति विधायक 23.75 करोड़ रुपये के हिसाब से कुल 213-75 करोड़ रुपये की विधायक निधि आवंटित हुई। इसमें से जून 2026 तक 145.86 करोड़ रुपये खर्च हो चुके हैं, जबकि करीब 67-89 करोड़ रुपये खर्च होना शेष हैं। निधि खर्च करने में नानकमत्ता विधायक गोपाल सिंह राणा 74 प्रतिशत के साथ जिले में पहले स्थान पर हैं। उनके 555 विकास कार्य स्वीकृत हुए, जिनमें 542 पूरे हो चुके हैं और 13 प्रगति पर हैं। कुल 17.54 करोड़ रुपये की धनराशि खर्च हुई है।
सितारगंज विधायक सौरभ बहुगुणा 72 प्रतिशत खर्च के साथ दूसरे स्थान पर हैं। उनके 511 स्वीकृत कार्यों में 484 पूरे हो चुके हैं और 27 प्रगति पर हैं। कुल खर्च 17-08 करोड़ रुपये रहा। काशीपुर विधायक त्रिलोक सिंह चीमा 71 प्रतिशत के साथ तीसरे स्थान पर हैं। उनके 141 स्वीकृत कार्यों में 120 पूर्ण और 21 प्रगति पर हैं। विधायक निधि से करीब 16.82 करोड़ रुपये खर्च हुए हैं।
इसके बाद गदरपुर विधायक अरविंद पांडे 70 प्रतिशत खर्च के साथ चौथे और किच्छा विधायक तिलकराज बेहड़ 69-12 प्रतिशत के साथ पांचवें स्थान पर हैं। पांडे के 351 स्वीकृत कार्यों में 340 पूरे हो चुके हैं, जबकि बेहड़ के 438 स्वीकृत कार्यों में 403 पूर्ण हुए हैं। खटीमा विधायक भुवन चंद्र कापड़ी 68.12 प्रतिशत खर्च के साथ छठे स्थान पर हैं। उनके 814 स्वीकृत विकास कार्यों में 781 पूरे हो चुके हैं। जसपुर विधायक आदेश सिंह चौहान 67-12 प्रतिशत के साथ सातवें स्थान पर हैं। उनके 250 स्वीकृत कार्यों में 228 पूर्ण हुए हैं।
रुद्रपुर विधायक शिव अरोरा 67 प्रतिशत निधि खर्च के साथ आठवें स्थान पर हैं। उनके 450 स्वीकृत विकास कार्यों में से 430 पूरे हो चुके हैं और 20 कार्य प्रगति पर हैं। उनकी विधायक निधि से करीब 15.92 करोड़ रुपये खर्च हुए हैं।
जिले में बाजपुर विधायक यशपाल आर्य 55 प्रतिशत खर्च के साथ नौवें स्थान पर हैं। उनके 480 स्वीकृत कार्यों में 429 पूरे हो चुके हैं, जबकि 51 अभी प्रगति पर हैं। विधायक निधि से करीब 13.16 करोड़ रुपये खर्च हुए हैं।
इस तरह विधायक निधि खर्च के मामले में जिले के शीर्ष और अंतिम स्थान के बीच करीब 19 प्रतिशत का अंतर है। हालांकि केवल खर्च प्रतिशत ही विकास कार्यों की स्थिति का एकमात्र पैमाना नहीं है। स्वीकृत कार्यों की संख्या और उनके पूरा होने की स्थिति भी अलग-अलग विधानसभा क्षेत्रें में अलग तस्वीर पेश करती है। उपलब्ध आंकड़े फिलहाल यह जरूर बताते हैं कि जून 2026 तक निधि के उपयोग में नानकमत्ता सबसे आगे और बाजपुर सबसे पीछे रहा है।

